एशेज टेस्ट सीरीज के पहले मैच में जैक क्रौली का प्रदर्शन बेहद खराब रहा। दोनों पारियों में वह अपना खाता भी नहीं खोल पाए।

ऑस्ट्रेलिया और इंग्लैंड के बीच एशेज टेस्ट सीरीज का पहला मैच पर्थ के ऑप्टस स्टेडियम में खेला जा रहा है। यह टेस्ट मैच इंग्लैंड के सलामी बल्लेबाज जैक क्रौली के लिए भूलने लायक रहा है। वह इस टेस्ट मैच की दोनों पारियों में बिना खाता खोले पवेलियन लौट गए। क्रौली की इस खराब बल्लेबाजी की अब उनका नाम शर्मनाक लिस्ट में दर्ज हो गया। दरअसल एशेज की इतिहास में 66 साल बाद ऐसा हुआ है, जब ऑस्ट्रेलिया में किसी एशेज टेस्ट की दोनों पारियों में सलामी बल्लेबाज एक भी रन जोड़े बिना आउट हो गए हैं।
1933 एशेज टेस्ट सीरीज में पहली बार हुआ था ऐसा
ऑस्ट्रेलिया में अब तक चार बार ऐसा हुआ है जब किसी एशेज टेस्ट की दोनों पारियों में ओपनिंग बल्लेबाज बिना एक भी रन की साझेदारी किए बिना आउट हो गए हों। ऐसा सबसे पहले 1933 में हुआ था। उस साल ऑस्ट्रेलिया की सलामी जोड़ी विक रिचर्डसन और बिल वुडफुल एक भी रन की पार्टनरशिप किए बिना आउट होकर पवेलियन लौट गए थे। विक रिचर्डसन उस मैच की दोनों पारियों में खाता नहीं खोल पाए थे। उसके बाद 1950 में ऑस्ट्रेलिया के जैक मुरूनी और आर्थर मोरिस भी बिना कोई रन जोड़े पवेलियन लौट गए थे। उस मैच में जैक मुरूनी दोनों पारियों में डक पर आउट हुए थे।
जैक क्रौली के नाम दर्ज हुआ एक और शर्मनाक रिकॉर्ड
1959 में इंग्लैंड की सलामी जोड़ी ट्रेवर बेली और पीटर रिचर्डसन भी बिना कोई रन जोड़े आउट हो गए थे। उस मैच में ट्रेवर बेली पहली पारी में गोल्डन डक पर आउट हो गए थे। वहीं दूसरी पारी में भी वह 5 गेंद खेलने के बाद खाता नहीं खोल पाए थे। अब ये रिकॉर्ड जैक क्रौली के नाम जुड़ गया है। पर्थ में खेले जा रहे टेस्ट मैच की दोनों पारियों में क्रौली बिना खाता खोले पवेलियन लौट गए। दोनों पारियों में मिचेल स्टार्क ने उन्हें अपना शिकार बनाया। इसके साथ ही जैक क्रौली के नाम एक और रिकॉर्ड दर्ज हो गया है, वह अब WTC के इतिहास में पहले ऐसे सलामी बल्लेबाज बन गए हैं जो 10 बार डक पर आउट हुए हैं।
इंग्लैंड को मिली 40 रन की बढ़त
पर्थ टेस्ट मैच की बात करें तो इंग्लैंड ने इस मैच में टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी का फैसला किया। पहले बल्लेबाजी करने उतरी इंग्लैंड की टीम पहली पारी में 172 रन बनाकर ऑलआउट हो गई। ऑस्ट्रेलिया की तरफ से पहली पारी में मिचेल स्टार्क ने सबसे ज्यादा 7 विकेट लिए। जवाब में ऑस्ट्रेलिया की टीम पहली पारी में 132 रन पर सिमट गई। पहली पारी के आधार पर इंग्लैंड को 40 रन की बढ़त मिली।